BJP वालों तैयार रहो, आ रहा है हाइड्रोजन बम… पटना से राहुल गांधी की BJP को ललकार

बिहार की राजधानी पटना में सोमवार को वोटर अधिकार यात्रा के आखिरी दिन नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने बीजेपी पर जमकर निशाना साधा. 17 अगस्त को बिहार के सासाराम शुरू हुई यात्रा कथित वोट चोरी को लेकर थी. जिसमें कई जिलों से होते हुए 16वें पटना पहुंची थी. इस दौरान जनता को संबोधित करते हुए राहुल गांधी ने बीजेपी को आगामी विधानसभा चुनाव के लिए ललकारा. उन्होंने कहा कि- आपने एटम बम का नाम सुना है? एटम बम से बड़ा हाइड्रोजन बम होता है. बीजेपी के लोगों तैयार हो जाओ, हाइड्रोजन बम आ रहा है. पूरे देश को आपकी सच्चाई पता लगने वाली है.
राहुल गांधी ने अपने संबोधन में कहा कि- महाराष्ट्र में हमसे चुनाव चोरी किया गया था. तकरीबन एक करोड़ नए वोटर लोकसभा चुनाव के बाद जोड़े जाते हैं, जितना हमें लोकसभा में मिला, उतना विधानसभा में गया. नए सारे वोट भाजपा के खाते में चले गए. क्योंकि, चुनाव आयोग और भाजपा ने मिलकर वोट चोरी की. राहुल ने कहा कि- हमने साफ दिखाया कि एक क्षेत्र में एक लाख से ज्यादा फर्जी वोटर थे. हमने डाटा के साथ दिखाया. चुनाव आयोग हमें वोटर लिस्ट नहीं देती. सीसीटीवी नहीं दिखाती. चार महीने, 16-17 घंटे काम कर हमने देश के सामने सबूत रखा.
राहुल गांधी ने वोट चोरी का मतलब बताया
नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने कहा कि- बिहार के युवाओं को मैं कहना चाहता हूं, वोट चोरी का मतलब अधिकार की चोरी, आरक्षण की चोरी, रोजगार की चोरी, शिक्षा की चोरी, लोकतंत्र की चोरी, युवाओं के भविष्य की चोरी. महात्मा गांधी की हत्या करने वाले. संविधान की हत्या करने की कोशिश कर रहे हैं. हम इन्हें संविधान की हत्या नहीं करने देंगे. हमने बिहार की यात्रा की. बिहार के सारे के सारे युवा खड़े हो गए. छोटे-छोटे बच्चे जीप के पास आते थे, कहते थे वोट चोर, गद्दी छोड़. बीच में बीजेपी के लोग काले झंडे दिखाते थे. आपने एटम बम का नाम सुना है? एटम बम से बड़ा हाइड्रोजन बम होता है. बीजेपी के लोगों तैयार हो जाओ, हाइड्रोजन बम आ रहा है. पूरे देश को आपकी सच्चाई पता लगने वाली है.
16 दिन चली यात्रा
वोटर अधिकार यात्रा की शुरुआत महागठबंधन ने 17 अगस्त 2025 को सासाराम (रोहतास जिले) से की थी. यह यात्रा 16 दिनों तक चली, और कुल लगभग 1,300 किलोमीटर की यात्रा पूरी की गई. यात्रा बिहार के कम-से-कम 20 जिलों और 110 विधानसभा क्षेत्रों से होकर गुजरी, जैसे गोपालगंज, लखीसराय, कटिहार और दरभंगा. यात्रा का 1 सितंबर 2025 को पटना में समापन हुआ, जहां गांधी मैदान से लेकर बाबासाहेब अम्बेडकर पार्क तक एक जोरदार पैदल मार्च ‘गांधी से अम्बेडकर’ के तहत किया गया.


