
कोलकाता दुर्गा पूजा पंडाल में भगदड़, 19 की मौत
कोलकाता के चोरबगान सार्वभौमिक दुर्गा पूजा पंडाल में एक भीषण और दर्दनाक हादसा हो गया। भारी बारिश के कारण अचानक मची अफरा-तफरी और भगदड़ में 19 लोगों की मौत हो गई, जबकि कम से कम 25 लोग गंभीर रूप से घायल हो गए हैं। यह त्रासदी उस समय हुई जब अचानक आए तेज बारिश के तूफान से बचने के लिए पंडाल में मौजूद लोगों ने बाहर निकलने की कोशिश की। निकासी द्वार (Exit Gate) पर अत्यधिक भीड़ और फिसलन के कारण लोग गिर पड़े, जिससे कुचलकर यह भयानक हादसा हुआ।
प्रशासनिक कार्रवाई और गिरफ्तारियां
इस गंभीर घटना के बाद प्रशासन और पुलिस हरकत में आ गई है:
गिरफ्तारियां: पुलिस ने पूजा समिति के आयोजकों और निजी सुरक्षा कर्मियों सहित कुल सात लोगों को गिरफ्तार किया है।
जांच समिति: मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने सुरक्षा में हुई चूकों की जांच के लिए एक तथ्यान्वेषी समिति (Fact-finding committee) और एक विशेष कार्य बल (Special Task Force) के गठन की घोषणा की है।
साक्ष्य जुटाना: अधिकारियों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है, साथ ही सीसीटीवी फुटेज और फॉरेंसिक साक्ष्य सुरक्षित किए जा रहे हैं।
उत्सव रद्द: इस बड़ी त्रासदी के बाद प्रशासन ने सभी आधिकारिक पूजा समारोहों को तुरंत प्रभाव से रद्द कर दिया है। सरकार की ओर से घायलों के समुचित इलाज और पोस्टमार्टम की प्रक्रिया को प्राथमिकता से पूरा किया जा रहा है|
राजनीतिक घमासान और आरोप-प्रत्यारोप
इस दुर्घटना ने राज्य की राजनीति में भूचाल ला दिया है:
टीएमसी का हमला: तृणमूल कांग्रेस (TMC) ने प्रशासनिक विफलता और वीआईपी सुरक्षा व्यवस्था के चलते आम जनता की सुरक्षा की अनदेखी का आरोप लगाते हुए मुख्यमंत्री के इस्तीफे की मांग की है।
कांग्रेस की प्रतिक्रिया: कांग्रेस नेताओं ने भी इस मामले में नगर निगम और पुलिस प्रशासन की मिलीभगत और दी गई मंजूरियों पर कड़ा सवाल उठाते हुए जवाबदेही तय करने की मांग की है।



