पूर्व सांसद धनंजय सिंह को बड़ी राहत, 15 साल पुराने दोहरे हत्याकांड से बरी

पूर्व सांसद धनंजय सिंह को एक बड़ी कानूनी राहत मिली है। एमपी-एमएलए कोर्ट ने उन्हें 15 साल पुराने दोहरे हत्याकांड के मामले में बरी कर दिया है। इस मामले में उनके साथ अन्य चार आरोपी भी शामिल थे, जिन्हें भी अदालत ने संदेह का लाभ देते हुए निर्दोष करार दिया। यह फैसला अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश (चतुर्थ) द्वारा सुनाया गया।
यह मामला वर्ष 2009 का है, जब उत्तर प्रदेश के जौनपुर जिले में दो व्यक्तियों की हत्या हुई थी। इस घटना के बाद धनंजय सिंह समेत चार लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई थी। लंबे समय तक चली सुनवाई और गवाहों की पेशियों के बाद अदालत ने माना कि अभियोजन पक्ष आरोप साबित करने में विफल रहा।
फैसले के बाद धनंजय सिंह ने कहा, “मुझे शुरू से न्याय व्यवस्था पर भरोसा था। मैं निर्दोष था और अदालत ने मेरे पक्ष में न्याय किया है।” कोर्ट परिसर के बाहर समर्थकों ने फूल-मालाएं पहनाकर उनका भव्य स्वागत किया और जश्न मनाया
इस फैसले को राजनीतिक दृष्टि से भी अहम माना जा रहा है। राजनीतिक विश्लेषकों का कहना है कि इससे धनंजय सिंह की राजनीतिक साख को बल मिल सकता है और वह भविष्य में फिर से सक्रिय भूमिका निभा सकते हैं।
हालांकि, यह देखना होगा कि अभियोजन पक्ष इस फैसले को उच्च न्यायालय में चुनौती देता है या नहीं। फिलहाल, धनंजय सिंह के लिए यह एक महत्वपूर्ण कानूनी जीत है।


