
अगर आपके पोर्टफोलियो में भी अनिल अग्रवाल की कंपनी Vedanta का स्टॉक है, तो आज का दिन आपके लिए थोड़ा मुश्लिक होने वाला है. दरअसल, गुरुवार को वेदांता के स्टॉक में भारी गिरावट देखने को मिल रही है. ख़बर लिखे जाने तक कंपनी के शेयर 4 प्रतिशत से ज़्यादा की गिरावट के साथ 596 रुपये के लेवल के आसपास ट्रेड कर रहे थे. इस गिरावट का कारण अनिल अग्रवाल के बेटे की अचानक हुई मौत है l
वेदांता ग्रुप के चेयरमैन अनिल अग्रवाल ने एक्स की मदद से जानकारी दी, कि बेटे अग्निवेश अग्रवाल का न्यूयॉर्क में दिल का दौरा पड़ने से अचानक निधन हो गया है. उनकी इस ख़बर के बाद निवेशक घबरा गए और उनमें कंपनी के स्टॉक को बेचने की होड़ लग गई l
अनिल अग्रवाल ने एक्स पर लिखा कि आज मेरी जिंदगी का सबसे दुखद दिन है. मेरा प्यारा बेटा अग्निवेश हमें अचानक ही छोड़कर चला गया है. मेरा बेटा महज़ 49 साल का था और वह बेहद स्वस्थ, जीवन से भरपूर और सपनों से भरा हुआ था l
उन्होंने आगे लिखा कि अमेरिका में स्कीइंग दुर्घटना के बाद, वह न्यूयॉर्क के माउंट सिनाई अस्पताल में अच्छी तरह से रिकवर हो रहा था. उस वक्त हमें ऐसा लगा कि सबसे बुरा समय बीत चुका है. लेकिन नियति को कुछ और ही मंजूर था, और अचानक दिल का दौरा पड़ने से हमारा बेटा हमसे दूर चला गया है l
बता दें कि अग्निवेश अग्रवाल हिंदुस्तान जिंक के नॉन एक्जीक्यूटिव चेयरमैन के रूप में काम कर रहे थे और 2019 में उन्होंने पद छोड़ दिया था. इसके साथ ही, उन्होंने वेदांता द्वारा समर्थित कंपनी साबो पावर लिमिटेड (टीएसपीएल) में बोर्ड ऑफ डायरेक्ट के चेयरमैन के रूप में भी काम किया. उनकी मौत की खबर के बाद मार्केट ने तुरंत अपनी प्रतिक्रिया दी और सेंटिमेंट के बिगड़ने से वेदांता का स्टॉक 4 प्रतिशत से ज़्यादा गिराकर 600 रुपये के लेवल के नीचे ट्रेड करने लगा l
जब भी किसी बड़ी कंपनी के प्रमोटर फैमिली में इस तरह की घटना होती है, तो निवेशक उत्तराधिकार के विषय को लेकर परेशान हो जाते हैं. लोगों के मन में यह सवाल कोंधने लगता है कि अब कंपनी की बागड़ोर किसके हाथों में सौपी जाएगी. इसी घबराहट के कारण निवेशक द्वारा स्टॉक में भारी बिकवाली देखने को मिलीl



