फ्लाइट में पावर बैंक चार्जिंग पर DGCA का सख्त प्रतिबंध

भारत में हवाई यात्रा के दौरान पावर बैंक और पोर्टेबल इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस को चार्ज करने पर पूर्ण रोक लगा दी गई है। DGCA ने लिथियम बैटरी में आग लगने की घटनाओं के बाद नई गाइडलाइंस जारी की हैं, जो 4 जनवरी 2026 से लागू हैं।
प्रतिबंध के मुख्य कारण
इंडिगो की दिल्ली-दिमापुर फ्लाइट पर अक्टूबर 2025 में पावर बैंक में आग लगने की घटना के बाद DGCA ने यह कदम उठाया। लिथियम-आयन बैटरी के ओवरहीटिंग और आग के खतरे को कम करने के लिए एयरक्राफ्ट सीट के पावर आउटलेट से चार्जिंग बैन कर दी गई।
नए नियम क्या हैं
पावर बैंक केवल हैंड बैग (कैरी-ऑन) में रखने की अनुमति; ओवरहेड बिन या अन्य जगहों पर नहीं।100Wh से कम क्षमता वाले कई पावर बैंक ले जा सकते हैं; 101-160Wh वाले के लिए एयरलाइन की अनुमति जरूरी; 160Wh से ऊपर पूरी तरह वर्जित।एयरलाइंस को सुरक्षा जांच, क्रू ट्रेनिंग और यात्रियों को जागरूक करने के निर्देश दिए गए हैं।
वैश्विक संदर्भ
यह नियम एमिरेट्स और सिंगापुर एयरलाइंस जैसी कंपनियों के मौजूदा प्रोटोकॉल से मेल खाते हैं, जहां उड़ान में पावर बैंक चार्जिंग पहले से ही प्रतिबंधित है।



