अंतरराष्ट्रीय
सऊदी अरब के राष्ट्रगान में क्या-क्या बातें लिखी हैं, आज हिंदी में इसका मतलब भी जान लीजिए l

सऊदी अरब के राष्ट्रगान को ‘आश अल-मलिक’ के नाम से जाना जाता है. इसे 1984 में आधिकारिक तौर पर अपनाया गया था. इसके बोल इब्राहिम खफाजी द्वारा लिखे गए हैं.
सऊदी अरब के राष्ट्रगान की शुरुआत अल्लाह की महानता और शक्ति की प्रशंसा से होती है. इसमें ईश्वर पर विश्वास और आस्था को सबसे ऊपर रखा गया है.
राष्ट्रगान में इस्लाम को देश की आत्मा बताया गया है. यह साफ करता है कि सऊदी अरब की पहचान इस्लाम और उसके मूल्यों से जुड़ी हुई है.
गान में सऊदी अरब के झंडे का जिक्र है. यह झंडा देश की शान, एकता और सम्मान का प्रतीक माना गया है.
राष्ट्रगान देश के प्रति वफादारी और समर्पण की भावना को दर्शाता है. इसमें नागरिकों को अपनी मातृभूमि से प्रेम करने की प्रेरणा मिलती है.



