सरकार हाथ पर हाथ रखकर नहीं बैठी… ईरान पर युद्ध के बादल? 10000 भारतीयों को लेकर एस जयशंकर ने बताया पूरा प्लान

ईरान में बढ़ते तनाव के बीच वहां मौजूद भारतीयों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ रही थी. इस बीच विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने लोकसभा में बड़ा बयान देकर स्थिति साफ कर दी है. उन्होंने देश को भरोसा दिलाया है कि ईरान में मौजूद सभी भारतीय पूरी तरह सुरक्षित हैं. सरकार वहां के हालात पर ‘Close Watch’ रख रही है. जयशंकर ने स्पष्ट किया कि फिलहाल वहां से लोगों को निकालने के लिए किसी विशेष अभियान या ‘Evacuation’ की जरूरत नहीं है. ईरान का ‘Airspace’ खुला है और उड़ाने सामान्य रूप से चल रही हैं. तेहरान में मौजूद भारतीय दूतावास लगातार छात्रों और नागरिकों के संपर्क में है.
ईरान में 10 हजार भारतीय, सब सुरक्षित
विदेश मंत्री ने संसद को बताया कि ईरान में करीब 9 से 10 हजार भारतीय नागरिक मौजूद हैं. सरकार उनकी सुरक्षा को लेकर पूरी तरह सतर्क है. इनमें बड़ी संख्या में स्टूडेंट्स, कामगार, तीर्थयात्री, टूरिस्ट और बिजनसमैन शामिल हैं. तेहरान में स्थित इंडियन एंबेसी इन सभी से नियमित संपर्क में है. उन्हें जरूरी सुरक्षा सलाह दी जा रही है ताकि वे किसी मुसीबत में न फंसें.
एयरस्पेस खुला है, फ्लाइट्स से आएं वापस’
जयशंकर ने संसद में कहा कि अभी पैनिक करने या घबराने की कोई जरूरत नहीं है. स्थिति नियंत्रण में है. ईरान का एयरस्पेस अभी खुला हुआ है. भारत और क्षेत्रीय देशों के लिए ‘Regular Flights’ ऑपरेट हो रही हैं. चूंकि कमर्शियल फ्लाइट्स चल रही हैं, इसलिए सरकार को अभी किसी रेस्क्यू मिशन की जरूरत नहीं लगती. जो भारतीय वतन वापस आना चाहते हैं, उन्हें उपलब्ध कमर्शियल फ्लाइट्स का उपयोग करने की सलाह दी गई है.
ईरानी विदेश मंत्री से सीधी बात
सरकार हाथ पर हाथ रखकर नहीं बैठी है. कूटनीतिक स्तर पर भी बातचीत जारी है. 14 जनवरी को एस. जयशंकर ने ईरान के विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराघची से फोन पर बात की थी. दोनों नेताओं ने मौजूदा हालात पर चर्चा की. सरकार ने 5 और 14 जनवरी 2026 को ‘Travel Advisory’ जारी की थी. इसमें भारतीयों को गैर-जरूरी यात्रा से बचने और वहां मौजूद लोगों को सतर्क रहने को कहा गया था.



