महागठबंधन ने विधानसभा चुनाव को लेकर जारी किया ‘संकल्प पत्र’, तेजस्वी ने दोहराया ‘हर घर में होगी सरकारी नौकरी’

बिहार में विधानसभा चुनाव के दौरान महागठबंधन में टूट के बावजूद एकजुटता दिखाने की पुरजोर कोशिश की जा रही है। इसी कड़ी में मंगलवार को महागठबंधन ने साझा रूप से घोषणा पत्र जारी किया। प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए राजद के नेता तेजस्वी यादव ने कहा कि आज का दिन हमारे लिए खास है। हम सिर्फ सरकार बनाने की कोशिश में नहीं है बल्कि बिहार को बनाने की कोशिश में हैं। हमने हमेशा अपना विजन अपने समक्ष रखा है और आज हम अपना साझा संकल्प पत्र रख रहे हैं।
तेजस्वी ने कहा कि हमारा प्रण है कि हम बिहार को नंबर 1 बनायेगें। हमारा एक एक संकल्प दिल से लिया गया है और इसके लिए अगर प्राण भी झोंकना पड़े तो करेंगे। जब कोई बिहारी की प्रण लेता है तो पूरा करता है और हम भी उसी के तहत प्रण ले रहे हैं। कुछ लोग बिहार को उपनिवेश बनाना चाहते हैं लेकिन मैं होने नहीं दूंगा। तेजस्वी ने कहा कि मेरी सहानुभूति है सीएम नीतीश जी से लेकिन कहना पड़ रहा है कि भाजपा और भ्रष्ट अधिकारियों ने उन्हें पुतला बना कर रखा है। भाजपा उन्हें पुतला बना कर रखी है। अमित शाह ने तो कंफर्म कर दिया है कि नीतीश कुमार बिहार के मुख्यमंत्री नहीं बनने जा रहे हैं।
हमने महागठबंधन के तहत अपनी घोषणाएं जनता के सामने रखी लेकिन आज तक NDA ने अपने मुख्यमंत्री का चेहरा भी नहीं बताया है। आप अगर प्रधानमंत्री और NDA के नेताओं की बातें सुने और देखेंगे तो केवल नकारात्मक बातें हैं। एक भी फलदायक बात वे लोग नहीं कर रहे हैं। उनका विजन क्या होगा अभी तक उन्होंने घोषणा पत्र भी जारी नहीं की है, इसका मतलब है उनके पास कोई प्लान नहीं है। हम बिहार बनाने की बात करते हैं और वह अपना मतलब निकालने में लगे हैं। पहली बार इतनी बड़ी संख्या में सुरक्षाबल लगाए गए हैं और दो दिन पहले उन्हें क्या सब कहा गया है सब हमें पता है। मैं अधिकारियों से भी कहना चाहता हूं कि आपने संविधान की कसम की है, किसी की बात पर तानाशाही मत कीजिए। अधिकारियों को कहा गया है कि जहां महागठबंधन का मजबूत बूथ है वहां स्लो वोटिंग करवाइए लेकिन हमलोग ऐसा नहीं होने देंगे।



