प्रधानमंत्री मोदी ने संस्कृत भारती की तारीफ की

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नई दिल्ली में एक पुस्तक प्रस्तुति कार्यक्रम में संस्कृत भारती (विदर्भ) के प्रयासों की प्रशंसा की, जिन्होंने सार्वजनिक स्तर पर संस्कृत सुबुद्धि (सुभाषित) को लोकप्रिय बनाने का काम किया है।
उन्होंने Udgaara नाम की पुस्तक को प्रोमोट किया, जिसमें उन संस्कृत सुभाषितों का संग्रह है जिन्हें उन्होंने अलग-अलग अवसरों पर “मन की बात” कार्यक्रम में उद्धृत किया था।
इस पुस्तक में हिंदी, मराठी और अंग्रेजी अनुवाद, शब्द-शब्द व्याख्या, वाक्य संरचना और उपयोग संदर्भ आदि दिए गए हैं। साथ ही 100 से अधिक चित्रों का समावेश है, जिससे पाठकों के लिए रुचि और समझ आसान हो सके।
मोदी ने यह भी कहा कि उनका प्रेरणा स्रोत RSS नेता बालासाहेब देओरास थे और उन्होंने जिज्ञासा बनाये रखने का महत्व बताया। आगामी नवम्बर में कोयम्बटूर में आयोजित संस्कृत भारती के अखिल भारतीय सम्मेलन में इस पुस्तक का और प्रचार होगा।
यह प्रयास भारतीय भाषाई-सांस्कृतिक धरोहर को पुनर्जीवित करने की दिशा में एक गंभीर कदम है, और इसे सरकारी-जन सहयोग से और भी व्यापक रूप देना संभव है।



