तालिबान ने लिया ‘बदला’! काबुल पर एयरस्ट्राइक के बाद पाकिस्तान बॉर्डर पर भारी गोलाबारी, कई पोस्ट पर कब्जा, जंग की शुरुआत?

अफगानिस्तान और पाकिस्तान के बीच तनाव अब खुली जंग का रूप लेता दिख रहा है. ड्यूरंड रेखा (Durand Line) के दोनों ओर भारी गोलीबारी जारी है. ताजा जानकारी के मुताबिक अफगान सेना ने पाकिस्तान की सैन्य चौकियों पर तीखा हमला बोला है. यह गोलीबारी काबुल पर हुए पाकिस्तानी हवाई हमले के जवाब में की गई है. सीमावर्ती इलाकों में अब रॉकेट, मोर्टार और हैवी मशीनगनों की आवाजें गूंज रही हैं.
अफगान सेना के मुताबिक जवाबी कार्रवाई के तहत नंगरहार और कुनार प्रांतों में ड्यूरंड लाइन के पास पाकिस्तान की मिलिट्री पोस्ट्स पर निशाना साधा गया है. स्थानीय सूत्रों के अनुसार लड़ाई अभी भी जारी है और दोनों देशों की सीमावर्ती बस्तियों में दहशत फैल चुकी है. यह झड़पें ऐसे समय में हो रही हैं जब दोनों देशों के बीच रिश्ते पहले से ही अविश्वास और तनाव से भरे हुए हैं.
अफगानिस्तान का पाकिस्तानी चौकियों पर कब्जे का दावा
अफगान रक्षा मंत्रालय ने बड़ा दावा करते हुए कहा है कि जवाबी कार्रवाई के दौरान उन्होंने पाकिस्तान की दो चौकियों को नष्ट कर दिया है, और नंगरहार तथा कुनार प्रांतों में कई पाकिस्तानी चौकियों पर अफगान सेना (201वीं खालिद बिन वलीद आर्मी कॉर्प्स) ने कब्जा कर लिया है. ये जवाबी हमले उस तनाव के बाद हुए हैं जब दोनों देश एक-दूसरे पर सीमा उल्लंघन और आतंकवाद को समर्थन देने का आरोप लगा रहे हैं. इससे सीमा पर स्थिति बेहद विस्फोटक बनी हुई है.
पकतिया और हेलमंद में भीषण फायरिंग, सीमा पर जंग जैसे हालात
अफगान मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक पकतिया प्रांत के आरियुब ज़ाजी इलाके में अफगान बॉर्डर फोर्स और पाकिस्तानी सेना के बीच जोरदार भिड़ंत हुई है. स्पीना शागा, गीवी और मानी जबा इलाकों में भारी गोलीबारी की खबरें हैं. इसी तरह हेलमंद प्रांत के बरामचा जिले में भी अफगान बलों ने पाकिस्तान की चौकियों को निशाना बनाया. दोनों तरफ से मोर्टार और रॉकेट फायर जारी है.
काबुल पर हमले का जवाब मिलेगा…अफगान सेना ने दी चेतावनी
अफगान रक्षा मंत्रालय के एक प्रवक्ता ने बयान जारी करते हुए कहा कि “पाकिस्तान द्वारा काबुल पर किए गए हवाई हमले का जवाब दिया गया है. हमारी सेनाओं ने नंगरहार और कुनार प्रांतों में पाकिस्तानी सैन्य चौकियों पर कार्रवाई की है.” अफगान सरकार ने कहा है कि किसी भी विदेशी हमले का जवाब देना उसका अधिकार है.
कंधार और शोराबक में भी भिड़ंत, सीमा पार तनाव चरम पर
कंधार के शोराबक जिले से भी फायरिंग की खबरें आई हैं. स्थानीय सूत्रों ने बताया कि अफगान और पाकिस्तानी सेनाओं के बीच यहां भी घंटों तक गोलाबारी चलती रही. कई सीमावर्ती गांवों को खाली कराया गया है. अफगान मीडिया का दावा है कि पाकिस्तानी चौकियों को भारी नुकसान हुआ है हालांकि पाकिस्तान की ओर से इस पर कोई आधिकारिक टिप्पणी नहीं की गई है.
ड्यूरंड लाइन: 130 साल पुराना विवाद फिर उभरा
ड्यूरंड लाइन 1893 में ब्रिटिश राज के दौरान खींची गई थी जो आज भी अफगानिस्तान और पाकिस्तान के बीच विवाद की जड़ है. अफगानिस्तान इस रेखा को “काल्पनिक सीमा” मानता है और कभी आधिकारिक रूप से स्वीकार नहीं करता. दोनों देशों के बीच यह रेखा अक्सर सैन्य झड़पों का कारण बनती है, लेकिन इस बार की गोलीबारी पहले की तुलना में कहीं ज्यादा व्यापक और संगठित बताई जा रही है.
काबुल पर हुए हवाई हमले के बाद अफगानिस्तान की यह जवाबी कार्रवाई दक्षिण एशिया में नए भू-राजनीतिक तनाव की ओर इशारा कर रही है. पकतिया से लेकर कुनार और हेलमंद तक फैले इस संघर्ष ने दोनों देशों के रिश्तों को एक बार फिर खाई में धकेल दिया है. विशेषज्ञों का मानना है कि अगर हालात पर जल्द काबू नहीं पाया गया, तो यह सीमा संघर्ष एक बड़े क्षेत्रीय संकट में बदल सकता है.



