कौन देता है UGC को पावर? जिसके दम पर इसके कंट्रोल में है पूरा हायर एजुकेशन सिस्टम

यूनिवर्सिटी ग्रांट्स कमीशन या विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) एक ऐसी लेजिस्लेटिव बॉडी है, जो देश के हायर एजुकेशन सिस्टम को कंट्रोल करती है. अब सवाल उठता है कि यूजीसी को ये शक्तियां मिलती कहां से हैं, जिसके दम पर ये उच्च शिक्षण संस्थानों के लिए रूल्स और रेगुलेशंस बनाता है.
इन दिनों देशभर में यूजीसी के नए इक्विटी रूल को लेकर घमासान मचा हुआ है. सुप्रीम कोर्ट ने भी इस पर स्टे लगा दिया है. ऐसे में ये समझने की जरूरत है कि यूजीसी को ऐसे रेगुलेशन बनाने की शक्तियां कहां से मिली है. आखिर वो कौन से नियम और कानून हैं, जो इस विधायी निकाय को इतना शक्तिशाली बनाते हैं
आज यूजीसी के जिस नए रेगुलेशन पर विवाद हो रहा है, उसे यूनिवर्सिटी ग्रांट्स कमीशन एक्ट 1956, के सेक्शन 12 के क्लॉज- j और सेक्शन 26 के सब सेक्शन 1 के क्लॉज – G के तहत दी गई शक्तियों का इस्तेमाल करते हुए बनाया गया है. ऐसे में ये जानना जरूरी है यूजीसी को रूल्स और रेगुलेशंस बनाने की शक्तियां कहां से मिलती हैं. इसके लिए पहले समझते हैं कि यूजीसी का गठन क्यों, कैसे और किस उद्देश्य से हुआ और किस कानून के तहत इसकी स्थापना हुई.



